सौर पंप वोल्टिक सिंचाई पंप योजना (एसपीवीआईपीएस) / सौर पंप वितरण योजना: उत्तर प्रदेश किसानों के लिए सौर पंपों पर ७०% सब्सिडी

उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के किसानों को सब्सिडी वाले सौर पंप उपलब्ध कराने के लिए सौर पंप वोल्टिक सिंचाई पंप योजना (एसपीवीआईपीएस) शुरू की है। यह एक सौर जल पंप वितरण योजना है। उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के किसानों को सिंचाई के लिए ७०% की सब्सिडी पर १०,०००  सौर संचालित कृषि जल पंप प्रदान करेंगी। सौर पंप के लिये पहले आवेदन करने वाले किसानों को पहले सब्सिडी प्रदान की जाएगी। यह योजना साल २०१८-१९ में लागू की जाएगी। इस योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य के किसानों के पास कृषि सिंचाई के लिए पर्याप्त साधन रहे यह है।

Solar Pump Voltaic Irrigation Pump Scheme (In English)

सौर पंप वोल्टिक सिंचाई पंप योजना क्या है? राज्य में किसानों को ७०% सब्सिडी पर सौर जल पंप प्रदान करने के लिए एक उत्तर प्रदेश सरकार की योजना है।

सौर पंप वोल्टिक सिंचाई पंप योजना (एसपीवीआईपीएस) का उद्देश:

  • किसानों को कृषि प्रयोजनों के लिए पर्याप्त बिजली प्रदान की जाएंगी।
  • इस योजना के माध्यम से राज्य के किसानों को बिजली दिन के दौरान उपलब्ध की जाएंगी ताकि किसानों को रात में खेतों में सिंचाई करने के लिये नहीं जाना नहीं पडेंगा।
  • राज्य में सौर ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएंगा।
  • बिजली बचाने के लिए बिजली उत्पन्न के पारंपरिक तरीकों का उपयोग को कम किया जाएंगा।
  • स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा दिया जाएंगा और प्रकृतिक संरक्षण को बचाया जाएंगा।
  • राज्य के किसानों की आय में वृद्धि की जाएंगी।

सौर पंप वोल्टिक सिंचाई पंप योजना (एसपीवीआईपीएस) का लाभ:

  • २ से ३ एचपी सौर पंप पर ७०% (५१,८४० रुपये) की  सब्सिडी प्रदान की जाएंगी।
  • १० से १५  एकड़ भूमि वाले किसानों के लिए ५ एचपी सौर पंप पर ४०% (७७,७०० रुपये) की सब्सिडी प्रदान की जाएंगी।
  • किसानों को बिजली और सौर पंप का उपयोग नहीं करना पडेंगा और किसान के डीजल और बिजली बिल के खर्चों को बचाया जाएंगा।

उत्तर प्रदेश सौर पंप वितरण योजना के लिए पात्रता:

  • राज्य में छोटे और सीमांत किसानों के लिये यह योजना लागू है।
  • सौर पंप के लिये पहले पंजीकरण करने वाले किसान को पहले सौर पंप प्रदान किया जाएंगा, जल्द से जल्द पंजीकरण करें।

सौर पंप वोल्टिक सिंचाई पंप योजना (एसपीवीआईपीएस): आवेदन पत्र, पंजीकरण और आवेदन कैसे करें:

उत्तर प्रदेश सौर पंप वितरण योजना २०१८-१९ के पंजीकरण और आवेदन पत्र कृषि विभाग उत्तर प्रदेश के आधिकारिक वेबसाइट upagripardarshi.gov.in पर उपलब्ध कराए जाएंगे। किसानों को १५ नवंबर २०१८ से १० दिसंबर २०१८ के बीच खुद को इस योजना के लिए पंजीकृत करने की आवश्यकता है। राज्य के किसान को बैंक में ड्राफ्ट जमा करने की आवश्यकता है और सब्सिडी मिलने  के बाद आवश्यक राशि किसान को भुगतान की जाएंगी।

संबंधित योजनाएं:

उत्तर प्रदेश लोक कल्याण मित्र (एलकेएम) भर्ती २०१८-२०१९: ऑनलाइन आवेदन पत्र, पात्रता और वेतनऔर कैसे करे अप्लाई

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी ने  उत्तर प्रदेश लोक कल्याण मित्र (एलकेएम) भर्ती योजना की घोषणा की है।इस योजना के माध्यम से सरकार राज्य भर में लोक कल्याण मित्र की भर्ती करेगी। लोक कल्याण मित्र की प्राथमिक भूमिका नागरिकों को सभी सरकारी योजनाओं के बारे में जानकारी प्रदान करना है। उत्तर प्रदेश राज्य में सरकार कुल ८२४ लोक कल्याण मित्र की भर्ती करेगी। राज्य के प्रत्येक क्षेत्र में एक लोक कल्याण मित्र नियुक्त किये जाएंगे और दो राज्य स्तर पर नियुक्त किये जाएंगे।

Uttar Pradesh Lok Kalyan Mitra (LKM) Recruitment (In English)

उत्तर प्रदेश लोक कल्याण मित्रउत्तर प्रदेश राज्य सरकार द्वारा इंटर्नशिप कार्यक्रम जिसे राज्य के नागरिकों को सभी सरकारी योजनाओं के बारे में जानकारी प्रदान की जाएगी।

लोक कल्याण मित्र रिक्त पद:

  • कुल: ८२४
  • पुरुष: २२४
  • महिला: ६००

 उत्तर प्रदेश लोक कल्याण मित्र के लिए पात्रता और कौन कर सकता है आवेदन?

  • आवेदक उत्तर प्रदेश राज्य का  निवासी  होना चाहिए।
  • आवेदक की उम्र २१ से ४० साल के बिच होनी चाहिए।
  • निम्नलिखित स्नातक धाराओं से आवेदक आवेदन कर सकते  है: कला, विज्ञान, कृषि विज्ञान, इंजीनियरिंग, प्रबंधन
  • आवेदक के पास कंप्यूटर, एमएस ऑफिस, एमएस वर्ड इत्यादि का अच्छा ज्ञान होना चाहिए।
  • आवेदनक लिखने,पढ़ने में सक्षम होना चाहिए और क्षेत्रीय भाषा बोलने में सक्षम होना चहिए।

उत्तर प्रदेश लोक कल्याण मित्र का वेतन:

  • वेतनः लोक कल्याण मित्र को २५,००० रुपये प्रति महिना प्रदान किया जाएगा।
  • यात्रा भत्ता: लोक कल्याण मित्र को यात्रा भत्ता ५,००० रुपये प्रति महिना प्रदान किया जाएगा।

उत्तर प्रदेश लोक कल्याण मित्र इंटर्नशिप भूमिका और जिम्मेदारियां:

  • उन्हें सभी सरकारी योजनाओं और पहलुओं के बारे में पूरी जानकारी होनी चाहिए।
  • उनके पास सभी सरकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी होनी चाहिए।
  • लोक कल्याण मित्र को क्षेत्रीय भाषा के बारे में जानकारी होनी चाहिए।
  • उन्हें यह सुनिश्चित करने की ज़रूरत है कि नागरिक इस योजना को समझें, सभी योजना विवरणों को जानें और वे आवेदन करने में सक्षम हो सके।
  • यदि आवश्यक हो तो उन्हें विभिन्न सरकारी योजनाओं के लिए आवेदन करने में लोगों की मदत करने की भी आवश्यकता है।
  • उन्हें लोगों को आवेदन पत्र भरने और विभिन्न विभागों को आवेदन पत्र जमा करने में मदत करने की आवश्यकता हो सकती है।
  • उन्हें नागरिकों से सरकारी योजनाओं के बारे में प्रतिक्रिया लेने की भी आवश्यकता है।

उत्तर प्रदेश लोक कल्याण मित्र ऑनलाइन आवेदन पत्र और आवेदन कैसे करें?

  • लोक कल्याण मित्र (एलकेएम) रिक्तियों के लिए चयन लिखित परीक्षा के आधार पर किया जाएगा।
  • जिला मजिस्ट्रेट (डीएम) चयन समिति का नेतृत्व करेंगे।
  • ३०% पद महिला उम्मीदवारों के लिए आरक्षित होंगे।
  • उत्तर प्रदेश लोक कल्याण मित्र योजना का आवेदन पत्र और  आवेदन विवरण जल्द ही सरकार द्वारा प्रदान कीया जाएगा।

उत्तर प्रदेश लोक कल्याण मित्र भर्ती की विशेषताएं और कार्यान्वयन:

  • लोक कल्याण मित्र को केवल एक वर्ष के लिए कॉन्ट्रैक्ट पर लिए जाएंगे।
  • सरकार लोक कल्याण मित्र का कार्यकाल को एक साल तक बढ़ा सकती है।
  • उम्मीदवारों को अपना क्षेत्र नियुक्त किया जाएगा या जो क्षेत्र उन्हें नजदीक पडता है वहा पर उनकी नियुक्ति की जाएंगी।
  • उन्हें गिरी संस्थान लखनऊ, आईआईएम लखनऊ, बीएचयू, टाटा संस्थान आदि में प्रशिक्षण दिया जाएगा।
  • लोक कल्याण मित्र प्रशिक्षण कार्यक्रम और भर्ती अक्टूबर २०१८  के महीने से शुरू होगी।

shadianudan.upsdc.gov.in  उत्तर प्रदेश शादी अनुदान योजना: लड़की की शादी के लिए सहायता, ऑनलाइन आवेदन पत्र और आवेदन की स्थिति की जांच करें:  

उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य के गरीब परिवारों के लड़की की शादी के वित्तीय सहायता के   लिए  शादी अनुदान योजना को शुरू किया है। इस योजना का उद्देश्य गरीब परिवारों के लड़की की शादी के खर्च से बचाना है। यह योजना अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी), आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग और अल्पसंख्यक समुदायों के लिए है।इस योजना के माध्यम से सरकार एक परिवार के पहली २  लड़की के शादी के लिए २०,००० रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान करती है।उत्तर प्रदेश शादी अनुदान योजना के लिए आवेदन  shadianudan.upsdc.gov.in वेबसाइट पर ऑनलाइन किया जा सकता है। उत्तर प्रदेश शादी अनुदान योजना के लिए आवेदन पत्र वेबसाइट पर ऑनलाइन उपलब्ध है।आवेदकों को आवेदन पत्र को पूरी तरहा से भरना होंगा और आवेदन पत्र को जमा करना होंगा।

                                                                                                           UP  Shadi Anudan Yojana (In English)

 शादी अनुदान योजना: उत्तर प्रदेश राज्य में गरीब परिवारों की लड़कियों के लिए एक विवाह सहायता योजना है।

शादी अनुदान योजना का लाभ:

 इस योजना के माध्यम से सरकार एक परिवार के पहली २  लड़की के शादी के लिए २०,००० रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान करती है।

शादी अनुदान योजना के लिए पात्रता:

  • यह योजना केवल उत्तर प्रदेश राज्य के स्थायी निवासियों के लिए लागू है।
  • अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी), आर्थिक रूप से पिछडा वर्ग (ईबीसी) और अल्पसंख्यक समुदाय इस योजना के लिए पात्र है।
  • योजना मुख्य रूप से केवल गरीबी रेखा के निचे (बीपीएल) परिवार के लिए लागू होती है।
  • ग्रामीण क्षेत्रों के लिए परिवार की वार्षिक आय ५६,४६० रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
  • शहरी क्षेत्रों के लिए परिवार की वार्षिक आय ४६,०८० रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
  • शादी के समय लड़की की उम्र १८  साल से कम नहीं होनी चाहिए।

शादी अनुदान योजना के लिए आवश्यक दस्तावेज़:

  • आवेदक और शादी करने वाली लड़की की स्कैन की गई तस्वीर
  • स्कैन किया गया हुआ आधार कार्ड
  • लड़की का जन्म प्रमाण पत्र (स्कैन की गई प्रतिलिपि)
  • शादी का कार्ड (स्कैन की गई प्रति)
  • बैंक पासबुक की स्कैन की गई प्रति

शादी अनुदान योजना के लिए ऑनलाइन आवेदन पत्र और ऑनलाइन आवेदन कैसे करे:

  • उत्तर प्रदेश शादी अनुदान योजना ऑनलाइन आवेदन पर जाने के लिए यहां क्लिक करें।
  • अनुसूचित जाती (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी), आर्थिक रूप से पिछडा वर्ग (ईबीसी) और अल्पसंख्यकों के लिए आवेदन पत्र उपलब्ध है, अपनी श्रेणी पर क्लिक करें।
  • आवेदन पत्र को पूरी तरह से भरें।
  • सभी आवश्यक दस्तावेजों की स्कैन की गई प्रतियों को अपलोड करें आवेदन पत्र को जमा करें।
  • शादी अनुदान योजना के लिए आवेदन सामान्य सेवा केंद्र (सीएससी), जन सुविधा केंद्र (जेएसके) में ऑफलाइन भी किया जा सकता है। आवेदन शादी की तारीख से ९० दिन या शादी होने के ९० दिन के बाद किया जाना चाहिए।

शादी अनुदान योजना की ऑनलाइन आवेदन स्थिति की जांच करें:

उत्तर प्रदेश शादी अनुदान आवेदन की स्थिति ऑनलाइन देखने के लिए यहां क्लिक करें। अपना जिला चुनें, अपना आवेदन पंजीकरण नंबर दर्ज करें और खोज बटन पर क्लिक करें।

संबंधित योजनाएं:

  • उत्तर प्रदेश में विवाह सहायता योजना
  • गरीबी रेखा के निचे (बीपीएल) परिवार के लिए योजना की सूची
  • अल्पसंख्यक समुदायों के लिए योजना की सूची

 

kumbh.gov.in – प्रयागराज कुंभ मेला २०१९: अनुसूची, स्नान (शाही सना) तिथियां, इलाहाबाद और आवास तक कैसे पहुंचे

उत्तर प्रदेश सरकार ने प्रयागराज कुंभ मेला २०१९ की घोषणा की है।उत्तर प्रदेश राज्य के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ ने कुंभ मेला  के लिए एक आधिकारिक kumbh.gov.in  वेबसाइट शुरू की है।इस पोर्टल के माध्यम से इलाहाबाद में कुंभ मेला की स्नान (शाही सना) तिथियां का विवरण प्रदान करता है, और लाभार्थी रहने और भोजन की सुविधा ऑनलाइन बुक कर सकता है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि यह पोर्टल  kumbh.gov.in कुंभ मेला के पौराणिक, ज्योतिषीय, सामाजिक महत्व प्रदान करता है, साथ ही साथ कुंभ मेला, आध्यात्मिक गुरुओं पर अनुष्ठानों की जानकारी भी प्रदान करता है।

                                                                                                                         Kumbh Mela 2019 (In English)

कुंभ मेला: कुंभ मेला हिंदुओं के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। उत्तर प्रदेश राज्य में यह त्रिवेणी संगम में गंगा, यमुना और सरस्वती के संगम पर होता है। वैदिक मंत्रों का जप करते हुए अखारों के शाही स्नान कुंभ में महत्वपूर्ण अनुष्ठान है। त्रिवेणी संगम में पवित्र डुबकी के लिए लाखों हिंदू भक्त कुंभ मेला में इकट्ठे होते है। संगम के पास विशेष स्थान है क्योंकि ‘मत्स्य पुराण’ में महर्षि मार्कंडेय ने उल्लेख किया है कि यह स्थान सभी देवताओं द्वारा विशेष रूप से संरक्षित है। कुंभ प्रयाग संग्राम के पास हजारों एकड़ जमीन पर ५५ दिनों का कुंभ मेला का आयोजन किया जाता     है। कुंभ मेला हिंदू परंपराओं में महत्वपूर्ण तीर्थयात्रा में से एक है।

प्रयागराज कुंभ मेला २०१९ आधिकारिक वेबसाइट और हेल्पलाइन:

प्रयागराज कुंभ मेला २०१९ की अनुसूची: स्नान (शाही सना)  की तिथियां:

  • मकर संक्रांति: १५ जनवरी २०१९
  • पौष पूर्णिमा: २१  जनवरी २०१९
  • मौनी अमावस्या: ४ फरवरी २०१९
  • बसंत पंचमी: १९ फरवरी २०१९
  • माघी पूर्णिमा: १९  फरवरी २०१९

कुंभ प्रयागराज मेला प्रधिकरण मोबाइल एप्लीकेशन:

  • कुंभ एंड्रॉइड एप्लीकेशन: कुंभ ऐप को डाउनलोड और इंस्टॉल करने के लिए यहां क्लिक करें।
  • कुंभ आईओएस एप्लीकेशन: कुंभ आईओएस ऐप डाउनलोड और इंस्टॉल करने के लिए यहां क्लिक करें।

प्रयाग कुंभ यात्रा और रहें: प्रयागराज / इलाहाबाद और अस्थायी आवास तक कैसे पहुंचे-

  • निकटतम हवाई अड्डा, रेलवे स्टेशन, बस स्टेशन: प्रयागराज
  • प्रयागराज शहर हवा, रेल और सड़क नेटवर्क से अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है।
  • प्रयागराज / इलाहाबाद शहरों में होटल, रिसॉर्ट्स और धर्मशाला जैसे कई आवास विकल्प है, कुंभ मेला के लिए आवास विकल्प खोजने के लिए यहां क्लिक करें।
  • मौसम: कुंभ २०१९ के दौरान सर्दियों की शुरुआत हुई। मौसम दिन के दौरान सुखद है।

 

edistrict.up.nic.in – यूपी हैसियत प्रमाण पत्र: ऑनलाइन आवेदन पत्र और विरासत प्रमाण पत्र के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करें:

उत्तर प्रदेश सरकार ने  हैसियत प्रमाण पत्र  / विरासत प्रमाण पत्र  (संपत्ति मूल्य प्रमाणपत्र) के ऑनलाइन आवेदन के लिए एक वेबसाइट edistrict.up.nic.in  शुरू की है।  edistrict.up.nic.in पोर्टल राज्य सरकार का नागरिक सेवा पोर्टल है।इस पोर्टल के माध्यम से उत्तर प्रदेश राज्य के नागरिक जन्म, मृत्यु, आय, जाति, विकलांग प्रमाणपत्रों जैसे विभिन्न प्रमाणपत्रों के लिए आवेदन कर सकते है। ईडिस्ट्रिट उत्तर प्रदेश पोर्टल में सभी महत्वपूर्ण प्रमाणपत्रों के आवेदन के लिए ऑनलाइन आवेदन कर सकते है। सरकार ने प्रमाण पत्र के आवेदन के ३० दिनों के भीतर आवश्यक प्रमाण पत्र जारी करना अनिवार्य कर दिया है। नए पोर्टल के साथ उत्तर प्रदेश के नागरिक edistrict.up.nic.in वेबसाइट और यूपी  ई-साथी मोबाइल एप्लीकेशन का उपयोग घर पर बैठ कर विभिन्न प्रमाणपत्रों के लिए आवेदन कर सकते है।

पोर्टल का उद्देश्य सेवा की गारंटी प्रदान करना है और प्रमाण पत्र समस्या प्रक्रिया में पारदर्शिता को लाना है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि ऑनलाइन प्रक्रिया सरकारी कार्यालयों में प्रमाणपत्र प्राप्त करने और भ्रष्टाचार रोकने के लिए मध्यस्थी व्यक्ति की आवश्यकता को हटा देगी।

                                                                                                          UP Haisiyat Praman Patra (In English)

हैसियत प्रमाण पत्र  / विरासत प्रमाण के लिए शुल्क:

  • ऑनलाइन आवेदन : १०० रुपये।
  • जन सेवा केंद्र के माध्यम से आवेदन : १२० रुपये।
  • नागरिकों के पोर्टल के माध्यम से आवेदन : ११० रुपये।

नागरिक जो अपनी कुल संपत्ति के दस्तावेजी साक्ष्य / प्रमाण पत्र चाहते  है, वे हसीयत प्रमाण पत्र के लिए आवेदन कर सकते है। कुल संपत्ति का मूल्यांकन निजी मूल्यवान द्वारा किया जा सकता है और आयकर विभाग द्वारा प्रमाणित होने की आवश्यकता है।

उत्तर प्रदेश  हैसियत प्रमाण पत्र : ऑनलाइन आवेदन पत्र और विरासत पत्र के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?

  • edistrict.up.nic.in पर जाने के लिए यहां क्लिक करें – ऑनलाइन नागरिक सेवा पोर्टल उत्तर प्रदेश।
  • अपना लॉगिन आईडी, नाम, जन्मतिथि, पता, जिला, मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी, सुरक्षा कोड प्रदान करें और सुरक्षित करें बटन पर क्लिक करें।
  • ओटीपी आपके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर भेजा जाएगा जो आपका पासवर्ड है।
  • यूपी ऑनलाइन नागरिक सेवा पोर्टल पर जाने के लिए यहां क्लिक करें, अपना लॉगिन आईडी, पासवर्ड, कैप्चा दर्ज करें और फिर लॉगिन करने के लिए जमा बटन पर क्लिक करें।
  • अब आवेदन पत्र भरें लिंक पर क्लिक करें और फिर अनुभाग सेवा से हैसियत प्रमाण पत्र (हैसियत प्रमाण पत्र) सेवा का चयन करें और नया आवेदन लिंक पर क्लिक करें, सभी निर्देश पढ़ें और  हैसियत प्रमाण पत्र  ऑनलाइन आवेदन पर जाने के लिए आगे बढें पर क्लिक करें प्रपत्र।
  • हैसियत प्रमाण पत्र  ऑनलाइन आवेदन पत्र भरें, दस्तावेजी सबूत के साथ सभी संपत्तियों और संपत्तियों के सभी का सही विवरण प्रदान करें।
  • आगे के निर्देशों का पालन करें और आवेदन पत्र को जमा करें।

ई-साथी मोबाइल एप्लीकेशन : यूपी ऑनलाइन नागरिक सेवा मोबाइल एप्लीकेशन डाउनलोड और इंस्टॉल करने के लिए यहां क्लिक करें। एंड्रॉइड मोबाइल एप्लीकेशन का उपयोग ऑनलाइन आवेदन पत्र आवेदन, स्थिति की जांच करना,पंजीकरण,पंजीकरण और प्रवेश,  विभिन्न प्रमाणपत्रों के लिए आवेदन  किया जा सकता है।

संबंधित योजनाएं:

  • उत्तर प्रदेश राज्य में योजनाओं की सूची।
  • संपत्ति प्रमाण पत्र योजनाओं की सूची

 

झटपट कनेक्शन योजना उत्तर प्रदेश: एपीएल और बीपीएल परिवारों के लिए तत्काल बिजली कनेक्शन

उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीपीसीएल) ने उत्तर प्रदेश राज्य के निवासियों के लिए झटपट कनेक्शन योजना नामक नई तत्काल बिजली कनेक्शन योजना का प्रस्ताव दिया है। यह योजना मुख्य रूप से उपरोक्त गरीबी रेखा के ऊपर (एपीएल) और गरीबी रेखा के निचे (बीपीएल) परिवारों के लिए है जो सब्सिडी और तत्काल बिजली कनेक्शन प्रदान करेगी। नया उपभोक्ता जो नए बिजली कनेक्शन के लिए आवेदन करना चाहता है, वह ऑनलाइन या ई-सुविधा / जन सुविधा केंद्रों पर आवेदन कर सकता है।

                                                                              Jhatpat Connection Yojana Uttar Prdesh (In English)

 झटपट कनेक्शन योजना :

 उत्तर प्रदेश राज्य में एपीएल और बीपीएल परिवारों को त्वरित बिजली कनेक्शन प्रदान करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार की एक योजना है।

झतपत कनेक्शन योजना  के लिए पात्रता:

  • यह योजना केवल उत्तर प्रदेश राज्य में लागू है।
  • यह योजना केवल यूपीपीसीएल उपभोक्ताओं के लिए लागू है।
  • यह योजना केवल एपीएल और बीपीएल परिवारों के लिए यह योजना लागू है।

झतपत कनेक्शन योजना  के लाभ:

  • लाभार्थी को बिजली कनेक्शन जल्दी प्रदान किया जाएगा।
  •  बीपीएल परिवारों के लिए १ किलोवाट से २५ किलोवाट बिजली कनेक्शन के लिए १० रुपये देने होंगे।
  • एपीएल परिवारों के लिए १ किलोवाट से २५ किलोवाट बिजली कनेक्शन के लिए १०० रुपये देने होंगे।

नए बिजली कनेक्शन के लिए उत्पीड़न और रिश्वत की शिकायतों को रोकना इस योजना का  मुख्य उद्देश्य है। नए बिजली कनेक्शन के लिए आवेदन प्रक्रिया भी सरल हो जाएगी। नए उपभोक्ता uppcl.org या ई-सुविधा / जन सुविधा केंद्रों पर ऑनलाइन आवेदन कर सकता है। नए अनुप्रयोगों को तेजी से प्रसंस्करण प्रणाली के तहत इंजीनियरों को सौंपा जाएगा। आवेदन विवरण के आधार पर त्वरित स्वीकृति होगी। एक इंजीनियर निरीक्षण साइट पर जायेगा और लाभार्थी को निर्धारित समय पर बिजली का कनेक्शन दिया जाएगा।

 उत्तर प्रदेश में झटपत कनेक्शन योजना के साथ यूपीपीसीएल लाभार्थी को बिना परेशानी से बिजली का कनेक्शन प्रदान करेगा और राज्य में अधिकतम विद्युतीकरण हासिल करना चाहता है। सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि प्रत्येक घर में बिजली हो और राज्य में कोई भी बिना बिजली का ना रहे।

संबंधित योजनाएं:

  • उत्तर प्रदेश राज्य की योजनाओं की सूची
  • एपीएल परिवारों के लिए योजनाओं की सूची
  • बीपीएल परिवारों के लिए योजनाओं की सूची

 

 

 

 

सुजलाम सुफलाम योजना उत्तर प्रदेश: यूपी के खेतों में बांध, तालाब, परिसंचरण तालाब

उत्तर प्रदेश राज्य के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य में सूखे से लड़ने के लिए उत्तर प्रदेश राज्य में सुजलाम सुफलाम योजना को लागू करने का फैसला किया है। इस योजना को पहली बार महाराष्ट्र राज्य में लागू किया गया था और अब इस योजना को उत्तरप्रदेश राज्य में लागु किया जाएंगा। इस योजना के तहत बारिश के पानी को बचाने के लिए बांध, तालाब, परिसंचरण तालाब और खेत के तालाब जैसे वाटरशेड संरचनाएं बनाई जाएंगी। इस पानी का उपयोग गर्मियों के मौसम के दौरान किया जा सकता है।

इस योजना को सबसे पहले बुंदेलखंड के सबसे प्रभावित (पानी की समस्या ज्यादा है) क्षेत्र से लागू किया जाएगा। इस योजना का कार्यान्वयन दो जिलों महोबा और हमीरपुर से शुरू होगा। इस योजना की सफलता के आधार पर इसे अन्य ५ जिलों (ललितपुर, झांसी, जलुआन, बांदा और चित्रकूट) में इस योजना को लागू किया जाएगा।

Sujalam Suphalam Yojana (In English)

सुजलाम सुफलाम योजना क्या हैउत्तर प्रदेश  राज्य में जल निकायों का निर्माण किया जाएंगा। राज्य में पानी की कमी की समस्या को हल करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा एक योजना।

सरकार इस योजना को लागू करने के लिए गैर सरकारी संगठनों, स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी), स्थानीय समुदायों और निजी क्षेत्र की सहायता लेगी। इस योजना को महाराष्ट्र राज्य में बड़ी सफलता मिली है। पानी की रक्षा के लिए अन्य परियोजनाओं के साथ कई जल निकायों का निर्माण किया जाएगा। वे गर्मियों के मौसम के दौरान किसानों की मदत करेंगा।

उत्तर प्रदेश राज्य के कई क्षेत्रों में पानी की कमी होने से, राज्य के नागरिकों को कई समस्यायों का सामना करना पड़ है। सरकार ने इन जल निकायों के लिए पहले से ही जगा (स्थान) को तय किया है। स्थानीय प्रशासन परियोजनाओं के लिए अनुमोदन प्राप्त करने पर काम कर रहा है। प्रोजेक्ट को तेज़ी से पूरा करने के लिए ड्रिलिंग मशीनों को किराए पर लिया जाएगा। परियोजना में कनालो को भी चौड़ा और गहरा कर दिया जाएगा।

किसानों को कृषि गतिविधियों के लिए उपयोग की जाने वाली खुदाई वाली मिटटी लेने की अनुमति है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि नदियों में पर्याप्त पानी है और राज्य के भूजल स्थर को बढाया जाएंगा।

उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य में क्लाउड सीडिंग (कृत्रिम बारिश) के लिए आईआईटी खड़गपुर से करार किया है। आम तौर पर कृत्रिम बारिश की प्रक्रिया बहुत महंगी है लेकिन आईआईटी- खड़गपुर तकनीकी विकसित होने से खर्चा बहुत कम आएगा। आईआईटी- खड़गपुर के साथ करार करने से १,००० वर्ग किमी क्षेत्र में कृत्रिम बारिश की प्रकिया का खर्च अमेरिका, इस्रल कंपनियों से आधा आयेंगा। आईआईटी-कश्मीर सिविल, एरो अंतरिक्ष, औद्योगिक प्रबंधन विभाग परियोजना में शामिल हैं।

दिव्यांगजन शादी-विवाह प्रोस्ताहन पुरस्कार योजना उत्तर प्रदेश: divyangjan.upsdc.gov.in पर पंजीकरण, ऑनलाइन आवेदन और आवेदन के स्थिति की जानकारी

उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य में दिव्यांगों / विकलांगो के मदद के लिए दिव्यांगजन शादी-विवाह प्रोस्ताहन पुरस्कार योजना की घोषणा की है। यह योजना लाभार्थी को उनके विवाह के समय उन्हें वित्तीय सहायता प्रदान करती है। इस योजना के माध्यम से उत्तर प्रदेश राज्य के दिव्यांगों / विकलांगोको आर्थिक मदत प्रदान की जाएगी। यु पी सरकार के दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग ने पंजीकरण के लिए वेबसाइट / पोर्टल divyangjan.upsdc.gov.in  शुरू कि है ताकि विकलांग  लोग घर पर बैठे ऑनलाइन आवेदन कर सकें। वेबसाइट विकलांग लोगों घर बैठे सुविधा प्रदान करेगी और विकलांग लोगों का समय और पैसा बचाएगी।

Divyangjan Shadi-Vivah Protsahan Yojana (In English)

दिव्यांगजन शादी-विवाह प्रोस्ताहन पुरस्कार योजना क्या है? उत्तर प्रदेश राज्य के विकलांग और अपंग लोगों को विवाह के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करने के लिए एक योजना।

दिव्यांगजन शादी-विवाह प्रोस्ताहन पुरस्कार योजना का उद्देश्य:

  • विकलांग लोगों को विवाह के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करना जिससे वह आवश्यक वस्तुए खरीद सके।
  • विकलांग लोगों को और उनके साथ विवाह के लिए  प्रोत्साहित करना।

दिव्यांगजन शादी-विवाह प्रोस्ताहन पुरस्कार योजना का लाभ:

  • विकलांग लोगों को विवाह के लिए वित्तीय सहायता।
  • विवाह के लिए विकलांग को ३५ हजार रुपये।
  • यदि लड़का विकलांग है तो उसे १५,००० हजार रुपये की वित्तीय सहायता।
  • यदि लड़की विकलांग है तो उसे २०,००० हजार रुपये की वित्तीय सहायता।
  • यदि लड़की और लड़का विकलांग है तो उन्हें ३५,००० हजार रुपये का वित्तीय प्रोत्साहन मिलेगा।

दिव्यांगजन शादी-विवाह प्रोस्ताहन पुरस्कार योजना के लिए पात्रता और कौन आवेदन कर सकता है?

  • यह योजना केवल उत्तर प्रदेश राज्य में लागू है।
  • यह योजना केवल विकलांग के लिए है।
  • आवेदनकर्ता किसी भी अपराध में शामिल नहीं होना चाहिए।
  • लड़के की उम्र २१ से ४५ साल के बीच होनी चाहिए।
  • लड़की की उम्र १८ से ४५  साल के बीच होनी चाहिए।
  • लाभार्थी की विकलांगता ४०% से अधिक होना चाहिए वही इस योजना के लिए पात्र है।

दिव्यांगजन शादी-विवाह प्रोस्ताहन पुरस्कार योजना का पंजीकरण कैसे करे?

  • दिव्यांगजन शादी-विवाह प्रोस्ताहन पुरस्कार योजना का ऑनलाइन पंजीकरण आवेदन पत्र पर जाने के लिए यहां क्लिक करें।
  • पूर्ण आवेदन पत्र भरें, नाम, पता और विकलांगता विवरण जैसे सभी सही विवरण प्रदान करें।
  • विकलांगता प्रमाणपत्र और शादी प्रमाण पत्र अपलोड करें, फिर पंजीकरण को पूरा करने के लिए “Submit” बटन पर क्लिक करें।
  • पंजीकरण आवेदन पत्र भरें, प्रिंट करें और आवेदन पत्र को जिला दिव्यंगजन सशक्तिकरण विभग कार्यालय में जमा करें।

दिव्यांगजन शादी-विवाह प्रोस्ताहन पुरस्कार योजना का ऑनलाइन आवेदन कैसे करे और आवेदन की प्रक्रिया:

  • अपने आवेदन पर जाने के लिए यहां क्लिक करें।
  • अपना पंजीकरण नंबर दर्ज करें और “Submit” बटन पर क्लिक करें।
  • पूरी तरह से आवेदन पत्र भरें और आवेदन को पूरा करने के लिए जमा करें।

दिव्यांगजन शादी-विवाह प्रोस्ताहन पुरस्कार योजना का पंजीकरण की स्थिति की जांच कैसे करें:

  • अपनी पंजीकरण स्थिति ऑनलाइन जांचने के लिए यहां क्लिक करें
  • अपना राज्य चुनें, अपना पंजीकरण नंबर प्रदान करें और “Search” बटन पर क्लिक करें

अन्य महत्वपूर्ण योजनाएं:

केजी से पीजी योजना उत्तर प्रदेश: किंडर गार्डन से पोस्ट ग्रेजुएट के छात्रों के लिए नि: शुल्क शिक्षा

उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य में शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण योजना शुरू की है जिसका नाम केजी से पीजी योजना है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य उत्तर प्रदेश में किंडर गार्डन से पोस्ट ग्रेजुएशन तक छात्रों को मुफ्त में शिक्षा प्रदान करना। शिक्षक दिवस के अवसर पर राज्य के मंत्री दिनेश शर्मा ने इस योजना की घोषणा की है। सरकार इस योजना पर काम कर रही है और संभवतः अगले  शैक्षणिक वर्ष में इस योजना का प्रारंभ करेगी। प्रारंभ में यह योजना उत्तर प्रदेश राज्य के कुछ शहरों में उपलब्ध होगी और बाद में उत्तर प्रदेश राज्य के अन्य शहरों में इसे शुरू किया जाएगा।

KG to PG Scheme (In English)

उत्तर प्रदेश  राज्य के छात्रों और उनके माता-पिता को किंडर गार्डन से पोस्ट ग्रेजुएशन तक शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करना इस योजना का मुख्य उद्देश है। इस योजना के माध्यम से गरीब छात्रों को नि:शुल्क शिक्षा प्रदान की जाएगी।

केजी से पीजी योजना क्या है? उत्तर प्रदेश  राज्य में  छात्रों को  किंडर गार्डन से पोस्ट ग्रेजुएशन तक मुफ्त शिक्षा प्रदान करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार की एक योजना है।

केजी से पीजी योजना का उद्देश्य:

  • इस योजना के माध्यम से राज्य के सभी छात्र स्नातकोत्तर तक मुफ्त शिक्षा प्राप्त कर सकते है
  • इस योजना के तहत राज्य के गरीब परिवारों को शिक्षा के साथ सशक्त बनाया जाएगा
  • राज्य के सभी छात्रों को शिक्षा के समान अवसर प्रदान किये जाएगे

केजी से पीजी योजना  का लाभ:

  • राज्य के सभी छात्रों को किंडर गार्डन से पोस्ट ग्रेजुएशन तक मुफ्त शिक्षा

केजी से पीजी योजना के लिए पात्रता:

  • यह योजना उत्तर प्रदेश राज्य के छात्रों के लिए लागू है
  • छात्र केवल किंडर गार्डन से पोस्ट ग्रेजुएशन तक नि:शुल्क शिक्षा के लिए पात्र है

केजी से पीजी योजना के मुफ्त शिक्षा के लिए आवेदन कैसे करें?

सरकार ने अभी इस योजना की घोषणा की है और अभी तक यह योजना राज्य में शुरू करने की तैयारी कर है। इस योजना का आवेदन पत्र और आवेदन प्रक्रिया के बारे में विवरण अभी तक घोषित नहीं किया गया है।

केजी से पीजी योजना की मुख्य विशेषताएं और अन्य महत्वपूर्ण निर्णय:

  • उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा राज्य में मुफ्त शिक्षा प्रदान करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार की एक योजना है
  • इस योजना को अगले शैक्षणिक सत्र में शुरू किया जाएगा
  • इस योजना को प्रारंभ में राज्य के कुछ शहरों में शुरू किया जाएगा
  • इस योजना के माध्यम से यूपी बोर्ड और डिग्री कॉलेजों में परीक्षा की अनुसूची कम की जाएगी
  • सरकार ने एक अकादमिक कैलेंडर बनाया गया है जो शैक्षणिक वर्ष में अध्ययन के लिए निर्धारित दिनों की संख्या निश्चित करेगा
  • पाठ्यक्रम को पूरा करने के लिए निर्धारित लक्ष तय किया गया है

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