सामाजिक सुरक्षा पेंशन, पंजाब

३१ अगस्त, २०२१ को अमरिंदर सिंह ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन राशि को ५०० रुपये से बढ़ाकर १५०० रुपये प्रति व्यक्ति करने की शुरुआत की। सामाजिक सुरक्षा पेंशन पहल के तहत राज्य में वृद्ध, विकलांग, विधवा, निराश्रित और अन्य कमजोर वर्ग के लोगों को मासिक पेंशन की सुविधा प्रदान की जाती है। यह पेंशन लाभार्थियों को उनके वृद्धावस्था में वित्तीय सहायता के रूप में प्रदान की जाती है। यह लाभार्थियों को सम्मान के साथ सामाजिक रूप से सुरक्षित जीवन जीने में मदद करता है। इस पहल का उद्देश्य उनकी दैनिक जरूरतों को पूरा करने और शांतिपूर्ण जीवन जीने में उनकी मदद करना है। यह लाभार्थियों को वास्तविक आवश्यकता में मुख्य सहायता प्रदान करेगा जिससे उनका कल्याण सुनिश्चित होगा।

योजना अवलोकन:

योजना का नाम सामाजिक सुरक्षा पेंशन
योजना के तहत पंजाब सरकार
एन्हांस लॉन्च किया गया मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह
लाभार्थी राज्य में वृद्ध, विकलांग, विधवा, निराश्रित और अन्य कमजोर वर्ग के लोग
लाभ मासिक पेंशन के माध्यम से वित्तीय सुरक्षा
संशोधित पेंशन राशि रुपये १५००/- प्रति माह
प्रमुख उद्देश्य राज्य भर में कमजोर वर्गों को वित्तीय और सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना।

योजना के उद्देश्य और लाभ:

  • योजना का मुख्य उद्देश्य भविष्य के लिए योजना बनाना है।
  • इस योजना का उद्देश्य राज्य में कमजोर वर्गों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना है।
  • राज्य के सभी वृद्ध, विधवा, विकलांग, निराश्रित और अन्य इस योजना के अंतर्गत आते हैं।
  • सरकार ने अब पेंशन की राशि बढ़ाकर १५०० रुपए प्रतिमाह कर दी है।
  • यह योजना वित्तीय सुरक्षा प्रदान करेगी इस योजना के तहत कमजोर वर्गों को प्रदान की जाएगी।
  • इसका उद्देश्य राज्य में लाभार्थियों के कल्याण को सुनिश्चित करना है।

प्रमुख बिंदु:

  • मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिन्दर सिंह ने ३१ अगस्त २०२१ को सामाजिक सुरक्षा पेंशन में बढ़ोतरी का ऐलान किया।
  • अब लाभार्थियों को मिलने वाली सामाजिक सुरक्षा पेंशन की राशि बढ़ाकर १५०० रुपये प्रतिमाह की गई है।
  • सामाजिक सुरक्षा पेंशन के तहत राज्य के सभी वृद्ध, विधवा, विकलांग, निराश्रित और अन्य को कवर किया जाता है।
  • इसका उद्देश्य राज्य में कमजोर वर्ग के लोगों का आर्थिक विकास करना है।
  • शुभारंभ के अवसर पर मुख्यमंत्री ने राज्य में १० लाभार्थियों को चेक वितरित किए।
  • शुभारंभ के दौरान सीएम ने पूर्व मुख्यमंत्री सरदार बेअंत सिंह को भी श्रद्धांजलि दी।
  • पेंशन राशि में इस वृद्धि से लगभग २७ लाख लाभार्थी लाभान्वित होंगे।
  • पेंशन की राशि में वृद्धि ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन के लिए वार्षिक बजट को ४८०० करोड़ रुपये तक बढ़ा दिया।
  • राज्य में इस सामाजिक सुरक्षा पेंशन से लाभार्थियों की वित्तीय सुरक्षा और कल्याण सुनिश्चित होगा।

डोरस्टेप असिस्टेंस स्कीम, केरल

केरल सरकार राज्य में वृद्ध, अपाहिज, निराश्रित और विकलांग लोगों की सहायता के लिए ‘डोरस्टेप असिस्टेंस स्कीम‘ लेकर आई है। इस योजना की घोषणा मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने १२ अगस्त, २०२१ को की थी। इस योजना के तहत राज्य सरकार यह सुनिश्चित करती है कि आपातकालीन दवाओं की डिलीवरी, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, आजीवन प्रमाण पत्र, सीएम आपदा राहत कोष से सहायता के लिए आवेदन की तैयारी जैसी विभिन्न सेवाएं आदि, उनके दरवाजे पर। सरकार इस योजना के तहत और सेवाओं को जोड़ने की योजना बना रही है। यह उन लाभार्थियों की मदद करने का इरादा रखता है जो अपने घरों पर सेवाएं प्रदान करके बाहर जाने में सक्षम नहीं हैं। यह योजना लाभार्थियों को राज्य में उनके घरों में आसानी से सेवाएं और आवश्यक दवाएं प्राप्त करने में सहायता करेगी।

योजना अवलोकन:

योजना का नाम डोरस्टेप असिस्टेंस स्कीम
योजना के तहत केरल सरकार
द्वारा घोषित मुख्यमंत्री पिनाराई विजयानी
घोषणा तिथि १३ अगस्त २०२१
लाभार्थी राज्य में वरिष्ठ नागरिक, अपाहिज, बेसहारा और विकलांग लोग
लाभ लाभार्थियों को विभिन्न सेवाएं जैसे आपातकालीन दवाएं, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, आजीवन प्रमाण पत्र, आदि उनके दरवाजे पर प्राप्त होंगे।
उद्देश्य विभिन्न सेवाओं के माध्यम से वृद्ध, अपाहिज, निःशक्त, निराश्रित लोगों को उनके दरवाजे पर सहायता प्रदान करना।

योजना के उद्देश्य और लाभ:

  • इस योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य में वृद्ध, अपाहिज, विकलांग, निराश्रित लोगों की सहायता करना है।
  • इस योजना के तहत विभिन्न सेवाएं जैसे आपातकालीन दवाएं, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, आजीवन प्रमाण पत्र आदि उनके दरवाजे पर उपलब्ध कराई जाएंगी।
  • यह योजना लाभार्थियों को उनके घर पर आवश्यक सेवाएं प्राप्त करने के लिए घर पर आराम करने में मदद करेगी।
  • उन लोगों की सहायता करेगा जो इन महामारी स्थितियों में सरकारी कार्यालयों / चिकित्सा दुकानों आदि के लिए बाहर जाने में सक्षम नहीं हैं।
  • यह लाभार्थियों को उनके घरों की सुरक्षा में सेवाएं प्राप्त करने में सक्षम बनाएगा।
  • इस योजना से लाभार्थियों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करेगी।
  • यह राज्य में लाभार्थियों के कल्याण को सुनिश्चित करता है।

योजना विवरण:

  • १३ अगस्त, २०२१ को मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन डोरस्टेप असिस्टेंस स्कीम योजना की घोषणा की गई।
  • यह योजना राज्य में वृद्ध, अपाहिज, निराश्रित और विकलांग लोगों के कल्याण के लिए बनाई गई है।
  • इस योजना के तहत लाभार्थियों को आपातकालीन दवाओं की डिलीवरी, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, आजीवन प्रमाण पत्र, मुख्यमंत्री आपदा राहत कोष से सहायता के लिए आवेदन तैयार करना, उपशामक देखभाल आदि सेवाएं उनके घर पर मिलती हैं।
  • ये सेवाएं लाभार्थियों को वार्ड सदस्य की अध्यक्षता में स्थानीय सरकारी संस्थानों, आशा कार्यकर्ताओं और स्वयंसेवकों के माध्यम से प्रदान की जाएंगी।
  • समिति सदस्यों के फोन नंबर वाले कार्ड जारी करेगी सरकार।
  • ये कार्ड जनता को दिए जाएंगे और वे आवश्यकतानुसार समिति तक पहुंच सकते हैं।
  • आशा कार्यकर्ता अपनी आवश्यक सेवाओं को समझने के लिए लाभार्थियों से संपर्क करेंगी।
  • आशा कार्यकर्ताओं की सहायता करेंगे अक्षय केंद्र व स्वयंसेवक करेंगे।
  • यह योजना सितंबर, २०२१ के महीने में शुरू होगी।
  • राज्य के ५० स्थानीय निकायों में इसकी शुरुआत सबसे पहले होगी।
  • फिर योजना के प्रदर्शन और सफलता के आधार पर इसे पूरे राज्य में आगे बढ़ाया जाएगा।
  • लाभार्थियों के घर-द्वार पर नि:शुल्क सेवाओं के इस वितरण की समीक्षा एवं निगरानी जिला स्तर पर नियमित अंतराल पर की जाएगी।
  • क्रियान्वयन में गतिविधियों की निगरानी में जिला कलेक्टर एवं जिला योजना समिति की अहम भूमिका होगी।
    यह योजना सहायता प्रदान करेगी और राज्य में लाभार्थियों का कल्याण सुनिश्चित करेगी।

मुख्यमंत्री कारीगर सहायता योजना (एमएमकेएसवाई)

ओडिशा सरकार ने राज्य के शिल्पकारों के लिए मुख्‍यमंत्री कारीगर सहायता योजना (एमएमकेएसवाई) शुरू की है। इस योजना के माध्यम से राज्य के वरिष्ठ शिल्पकार जिनकी वार्षिक आय १ लाख रुपये से कम है, उन वरिष्ठ शिल्पकार को तक का १,००० रुपये का मासिक भत्ता दिया जाएगा। इस योजना का प्राथमिक उद्देश्य राज्य के गरीब शिल्पकार का समर्थन करना है। ओडिशा राज्य के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने इस योजना की शुरु किया है।

Mukhya Mantri Karigar Sahayata Yojana (MMKSY) (In English)

मुख्यमंत्री कारीगर सहायता योजना (एमएमकेएसवाई)

  • राज्य: ओडिशा
  • लाभ वरिष्ठ शिल्पकार को मासिक भत्ता
  • लाभार्थी: वरिष्ठ शिल्पकार

लाभ:

  • शिल्पकार को सामाजिक सुरक्षा प्रदान की जाएंगी।
  • वरिष्ठ शिल्पकार को ८०० रुपये प्रति माह मासिक भत्ता प्रदान किया जाएंगा।
  • शिल्पकार जिनकी आयु ८० साल से ज्यादा है, उन शिल्पकार को १,००० रुपये प्रति माह मासिक भत्ता प्रदान किया जाएंगा।

पात्रता:

  • लाभार्थी केवल ओडिशा राज्य का स्थायी निवासि होना चाहिए।
  • यह योजना केवल वरिष्ठ शिल्पकार के लिए लागू होती है यानी उन सभी ने शिल्पकार के रूप में १० साल से अधिक तक काम किया होना चाहिए।

हस्तकला निदेशालय इस योजना के लिए बुनियादी संस्था है। लाभार्थियों का चयन जिला कलेक्टर की अध्यक्षता वाली एक जिला स्तरीय समिति द्वारा किया जाएगा। एक बार लाभार्थी का चयन हो जाने के बाद खंड विकास अधिकारियों (बीडीओ) के माध्यम से उन्हें लाभ प्रदान कीया जाएगा।

अधिक पढ़े: ओडिशा राज्यमे कल्याणकारी योजनाओंकी सूचि

भारत देश में ओडिशा शिल्प लोकप्रिय है और ओडिशा शिल्प का संरक्षण और इसे बढ़ावा देना महत्वपूर्ण है। यह योजना राज्य की कला और संस्कृति के संरक्षण करने में मदत करेगी। इस योजना के तहत शिल्पकार को वित्तीय सुरक्षा प्रदान की जाएंगी।योजना की घोषणा केवल आवेदन पत्र के रूप में की गई है और आवेदन प्रक्रिया जल्द ही घोषित होने की उम्मीद है।

मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना (एमवीपीवाई) बिहार: सार्वभौमिक वृद्धावस्था पेंशन योजना

बिहार सरकार ने मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना (एमवीपीवाई) की घोषणा की है। यह योजना राज्य के सभी वृद्ध के लिए सार्वभौमिक वृद्धावस्था पेंशन योजना है। इस योजना के तहत वरिष्ठ नागरिकों (६० वर्ष से अधिक आयु) को ४०० रुपये मासिक पेंशन प्रदान की जाएंगी।  यह योजना राज्य के सभी वरिष्ठ नागरिकों को उनकी जाति, धर्म, समुदाय और वित्तीय स्थिति की परवाह किये बिना लागू की जाएंगी। सेवानिवृत्त सरकारी कर्मचारी इस योजना के लिए पात्र नहीं है। इस योजना से वृद्ध लोगों को वित्तीय सुरक्षा मिलेगी और वे सम्मान के साथ जीवन यापन कर सकेंगे।

                                                                                     Mukhyamantri Vridhajan Pension Yojna (MVPY):

  • योजना का नाम: मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना (एमवीपीवाई)
  • राज्य: बिहार
  • लाभ: मासिक पेंशन
  • लाभार्थी: वरिष्ठ नागरिक
  • प्रारंभ तिथि: १ अप्रैल २०१९
  • द्वारा शुरू की: बिहार राज्य के मुख्यमंत्री नीतिश कुमार

वर्तमान वृद्ध पेंशन योजना केवल बीपीएल परिवार के  वरिष्ठ नागरिकों के लिए लागू है।

लाभ: वृद्ध नागरिक को ४०० रुपये की मासिक पेंशन प्रदान की जाएंगी।

पात्रता मापदंड:

  • यह योजना केवल बिहार राज्य के निवासियों के लिए लागू है।
  • इस योजना के लिए केवल वरिष्ठ नागरिक (६० वर्ष से अधिक आयु) आवेदन कर सकते है।
  • सेवानिवृत्त सरकारी कर्मचारी इस योजना के लिए पात्र नहीं है।
  • यह योजना सभी वरिष्ठ नागरिकों को उनकी जाति, धर्म, समुदाय और वित्तीय स्थिति की परवाह किये बिना लागू होती है।

बिहार मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना (एमवीपीवाई) पंजीकरण और आवेदन पत्र:

राज्य सरकार ने अभी इस योजना की घोषणा की है। आवेदन विवरण और प्रपत्र अभी तक उपलब्ध नहीं है। योजना का कार्यान्वयन १ अप्रैल २०१९  से शुरू होगा, इस लिए आवेदन पत्र उसी समय उपलब्ध होने की उम्मीद है।

बिहार राज्य के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्य में पुराने वृद्ध पत्रकारों के लिए पेंशन योजना की भी घोषणा की है। उन्हें ६,००० रुपये की मासिक पेंशन प्रदान की जाएंगी। इस योजना को बिहार पत्रकार सम्मान योजना (बीपीएसवाई) कहा जाता है। इस योजना के तहत सभी पत्रकारों जो पत्रकर के क्षेत्र में नियमित रूप से काम कर रहे है और उन्हें कोई पेंशन नहीं मिल रही है, वह बिहार पत्रकार सम्मान योजना (बीपीएसवाई) के लिए पात्र है।

स्वाहिद कुशल कोंवर  सरजनिं  ब्रिद्ध पेंशन अचोनी असम: वरिष्ठ नागरिकों के लिए पेंशन योजना:

असम के मुख्यमंत्री श्री सरबानंद सोनोवाल ने राज्य के वरिष्ठ नागरिकों के लिए स्वाहिद कुशल  कोंवर  सरजनिं  ब्रिद्ध पेंशन अचोनी असम योजना की शुरुआत की है।इस योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य के वरिष्ठ नागरिकों का समर्थन करना है। इस योजना के तहत वरिष्ठ नागरिको या वृद्ध लोगों को हर महीने में पेंशन प्रदान की जाएगी ताकि वे  सम्मान के साथ रह सकें। राज्य सरकार इस योजना के माध्यम से वरिष्ठ नागरिको या वृद्ध लोगों को वित्तीय सहायता प्रदान करेगी।इस योजना के लिए ४०० करोड़ रुपये आवंटित किए गए है। इस योजना को २  अक्टूबर २०१८ को महात्मा गांधी जयंती के कार्यक्रम के शुभ अवसर पर शुरू कीया है।

                            Swahid Kushal Konwar Sarbajanin Briddha Pension Achoni Assam (In English):

 स्वाहिद कुशल कोंवर  सरजनिं  ब्रिद्ध पेंशन अचोनी असम क्या है?

 असम राज्य में वरिष्ठ नागरिकों के लिए एक पेंशन योजना है।

 स्वाहिद कुशल कोंवर सरजनिं ब्रिद्ध पेंशन अचोनी असम के लिए पात्रता:

  • यह योजना केवल असम राज्य के निवासियों के लिए लागू है।
  • ६० साल से अधिक उम्र के लोग इस योजना के लिए  आवेदन कर सकते है।
  • लाभार्थी अन्य सरकारी योजनाओं के तहत पहले से ही लाभ प्राप्त कर रहा हो, वे इस योजना के लिए पात्र नही है।
  •  जो लोग सरकारी नौकरियों में काम कर रहे हैं वे इस योजना के लिए पात्र नहीं है।
  •  जो लोग आयकर चुका रहे  है या जिनकी वार्षिक आय २.५  लाख से अधिक है वह इस  योजना के लिए पात्र नहीं है।

 स्वाहिद कुशल कोंवर सरजनिं ब्रिद्ध पेंशन अचोनी असम आवेदन करने के लिए आवश्यक दस्तावेजों की सूची:

  • बैंक खाता
  • जन्म प्रमाण पत्र (जन्म प्रमाण पत्र, स्कूल छोड़ने का प्रमाण पत्र या पैन कार्ड)

 स्वाहिद कुशल कोंवर सरजनिं ब्रिद्ध पेंशन अचोनी असम के लिए आवेदन कैसे करें?

पेंशन योजना के लिए आवेदन ऑनलाइन या ऑफ़लाइन किया जा सकता है। स्वाहिद कुशल  सरजनिं ब्रिद्ध पेंशन अचोनी असम योजना का आवेदन पत्र ग्राम पंचायत / विकास खंड/ नगर निगम / नगर पालिका बोर्ड/ नगर समिति में उपलब्ध है।योजना के लिए आवेदन करने में उनकी मदत करते है। सभी दस्तावेजों की सच्ची प्रतियां प्रदान करें, आवेदन पत्र को भरें और आवेदन को पूरा करने के लिए इसे सबमिट करें। पेंशन सीधे लाभार्थी वरिष्ठ नागरिकों के बैंक खातों में स्थानांतरित की जाएगी।

संबंधित योजनाए:

  • पेंशन योजना
  • वरिष्ठ नागरिको को लिए पेंशन योजना

 

 

आंध्र प्रदेश में राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना:

राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना आंध्र प्रदेश सरकार के (वित्त मंत्रालय) द्वारा वृद्ध लोगों के वित्तीय खर्चों के बोझ को कम करने में उनकी मदत करने के लिए शुरू की गई है। इस योजना का मुख्य लक्ष्य ६५  वर्ष से अधिक आयु के वृद्ध को सामाजिक सहायता के रूप में वृद्धावस्था पेंशन प्रदान करना है।

                                                     National old Age Pension Scheme In Andhra Pradesh (In English):

 राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना के लाभ:

  • राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना गरीब घर के लोगों को वित्तीय सहायता के रूप में लाभ प्रदान करती है। वित्तीय सहायता की संरचना नीचे उल्लिखित है।
  • लाभार्थी को वृद्धावस्था में २०० रुपये प्रति माह  पेंशन की राशि प्रदान की जाएगी।

राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना लागू करने के लिए आवश्यक पात्रता और शर्तें:

  • आवेदक की आयु ६५ वर्ष या उससे अधिक होनी चाहिए।
  • आवेदक को आय के स्वयं के स्रोतों से या परिवार के सदस्यों या अन्य स्रोतों से वित्तीय सहायता के माध्यम से जीवित रहने का कोई नियमित साधन होने के अर्थ में बेहद गरीब होना चाहिए।
  • आवेदक आंध्र प्रदेश राज्य का निवासी होना चाहिए।

राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना को लागू करने के लिए आवेदन प्रक्रिया और आवश्यक दस्तावेज:

  • व्यक्ति की सही उम्र बताने वाला जन्म का प्रमाण पत्र।
  • निवास प्राधिकरण से निवास प्रमाण पत्र।
  • आधार कार्ड।
  • बैंक विवरण, खाता धारक का नाम, खाता नंबर, आयएफएससी कोड, एमआयसीआर  कोड।
  • आवेदक का मतदाता पहचान पत्र।
  • आवेदक का आयु प्रमाण पत्र।
  • बीपीएल कार्ड या राशन कार्ड।
  • पासपोर्ट आकर की तस्वीर।
  • पहचान प्रमाण पत्र।

आवेदन की प्रक्रिया:

  • आवेदक को मंडल परिषद कार्यालय या नगर पालिका से आवेदन पत्र नि:शुल्क प्रदान किया जाएंगा।
  • आवेदन पत्र को ठीक से भरें और दस्तावेजों के साथ ग्राम पंचायत या नगर पालिका के माध्यम से आवेदन पत्र को जमा करें।

किससे संपर्क करें और कहां संपर्क करें:

  • आवेदक को ग्राम पंचायत कार्यालय में संपर्क करना होंगा।
  • आवेदक को मंडल परिषद कार्यालय में संपर्क करना होंगा।
  • आवेदक को नगर आयोग कार्यालय में संपर्क करना होंगा।

संदर्भ और विवरण:

 

 

 

 

  

पेंशन आपके द्वार योजना मध्य प्रदेश: मध्य प्रदेश के वरिष्ठ नागरिकों को उनके दरवाजे पर पेंशन प्राप्त करने के लिए –

मध्य प्रदेश सरकार ने पेंशन आपके द्वार योजना की घोषणा की है। मध्य प्रदेश के माध्यम से वरिष्ठ नागरिकों और अन्य लाभार्थियों को मासिक पेंशन उनके दरवाजे पर वितरित की जाएगी।

इस योजना के माध्यम से वृद्ध वरिष्ठ नागरिकों को अपनी पेंशन प्राप्त करने के लिए हर महीने बैंकों का दौरा करने की आवश्यकता नहीं होंगी। इस योजना को भारत डाक योजना की मदत से लागू किया जाएगा। इस योजना का लाभ पाने के लिए लाभार्थियों को केवल निकटतम डाकघर में अपना खाता खोलने की आवश्यकता है। इस योजना का कार्यान्वयन १  जनवरी २०१९ से शुरू हो गया है।

                                                                    Pension Aapke Dwar Yojana Madhya Pradesh (In English)

 मध्य प्रदेश पेंशन आपके द्वार योजना: एक मध्य प्रदेश सरकार की योजना जिसके तहत वरिष्ठ नागरिकों को मासिक पेंशन उनके दरवाजे पर प्रदान की जाएंगी।

 मध्य प्रदेश पेंशन आपके द्वार योजना  का लाभ:

  • मासिक पेंशन लाभार्थियों के दरवाजे पर वितरित की जाएंगी।
  • लाभार्थी को पेंशन राशि प्राप्त करने के लिए बैंकों में जाने की आवश्यकता नहीं है।
  • लाभार्थी को बैंकों में कतारों में खड़े होने की आवश्यकता नहीं है।

 मध्य प्रदेश पेंशन आपके द्वार योजना  के  लाभार्थी:

  • वरिष्ठ नागरिक
  • गांवों में पेंशन योजना के लाभार्थी

विभिन्न पेंशन योजना लाभार्थियों और वरिष्ठ नागरिकों को इस योजना का लाभ मिलेगा। उन्हें अपनी पेंशन पाने के लिए शहरों में जाने की जरूरत नहीं है। लाभार्थी को केवल भारतीय डाक में एक खाता खोलना होंगा या यदि उनके पास पहले से ही बैंक खाता होने पर उसे स्थानांतरित करना होंगा। उनकी मासिक पेंशन उनके डाकघर खाते में जमा की जाएगी और हर महीने उनके घरों तक पहुंचाई जाएगी। डाक विभाग खाता खोलने और खाता स्थानांतरण की सुविधा के लिए राज्य भर के ग्रामीण क्षेत्रों में शिविरों की व्यवस्था करेंगी।

पेंशन आपके द्वार योजना के लिए आवेदन कैसे करें?

  • लाभार्थी को नजदीकी डाकघर में अपना खाता खोलने या स्थानांतरित करने के लिए जाना होंगा।
  • मौजूदा खाते के लिए आधार कार्ड, पते के प्रमाण पत्र और बैंक खाते के विवरण आवश्यक है।
  • लाभार्थी डाकघर का खाता खोले या अपना बैंक खाते को स्थानांतरित करे।

एक बार आपका खाता डाकघर में खुलने के बाद आपकी मासिक पेंशन आपके घर पर प्रदान की जाएगी।

और पढो:

  • मध्य प्रदेश में योजनाओं की सूची
  • मध्य प्रदेश में वरिष्ठ नागरिकों के लिए योजनाओं और सब्सिडी की सूची

संबंधित योजनाएं:

 

 

एनटीआर भरोसा पेंशन (एनबीपी) योजना आंध्र प्रदेश:  वृद्ध, विकलांग विधवा, बुनकर और रोगियों को मासिक पेंशन

आंध्र प्रदेश सरकार ने एनटीआर भरोसा पेंशन (एनबीपी) योजना  के रूप में समाज के कमजोर वर्गों के लिए पेंशन योजना शुरू की है। राज्य में एक नई पेंशन योजना है जिसमें वृद्ध, विकलांग, विधवा, बुनकर, ताड़ी निकालने वाले, एंटीरेट्रोवाइरल थेरेपी (एआरटी), सीकेडीयू शामिल हैं। योजना के तहत लाभार्थियों को मासिक पेंशन प्रदान की जाएंगी। योजना का प्राथमिक उद्देश्य समाज के कमजोर वर्गों के लोगों को सम्मान और गर्व के साथ जीवन जीने में मदत करना है।

                                                                     NTR Bharosa Pensions (NBP) Andhra Pradesh (In English)

एनटीआर भरोसा पेंशन (एनबीपी) का उद्देश्य:

  • समाज के कमजोर वर्गों को सशक्त बनाया जाएंगा।
  • समाज के कमजोर वर्गों के लोगो का मासिक खर्चे का ध्यान रखने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान की जाएंगी।
  • यह सुनिश्चित करने के लिए कि राज्य में हर कोई गरिमा और गर्व के साथ रह सके।

एनटीआर भारोसा पेंशन और राशि के तहत पेंशन का प्रकार:

  • वृद्धावस्था व्यक्ति: १,००० रुपये प्रति माह पेंशन प्रदान की जाएंगी।
  • बुनकर: १,००० रुपये प्रति माह पेंशन प्रदान की जाएंगी।
  • विधवा: १,००० रुपये प्रति माह पेंशन प्रदान की जाएंगी।
  • विकलांग (पीडब्ल्यूडी <८०%):  १,००० रुपये प्रति माह पेंशन प्रदान की जाएंगी।
  • ताड़ी निकालने वाले:  १,००० रुपये प्रति माह पेंशन प्रदान की जाएंगी।
  • एंटीरेट्रोवाइरल थेरेपी (एआरटी):  १,००० रुपये प्रति माह पेंशन प्रदान की जाएंगी।
  • विकलांग (पीडब्ल्यूडी> या = ८०%):  १५०० रुपये प्रति माह पेंशन प्रदान की जाएंगी।
  • सीकेडीयू:  २,५०० रुपये प्रति माह पेंशन प्रदान की जाएंगी।

एनटीआर भरोसा पेंशन के लिए पात्रता:

पेंशन के लिए बुनियादी मानदंड आवेदक को गरीबी रेखा से नीचे (बीपीएल) से संबंधित होना चाहिए।

  • वृद्धावस्था व्यक्ति: ६५  वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिक इस योजना के लिए पात्र है।
  • बुनकर: आवेदक की आयु ५० वर्ष से अधिक होनी चाहिए।
  • विधवा: विधवा महिला की आयु १८  साल या  उससे अधिक होनी चाहिए।
  • विकलांग (पीडब्ल्यूडी <८०%): ४०% से अधिक विकलांगता वाले व्यक्ति इस योजना के लिए पात्र है।
  • ताड़ी निकालने वाले: ५० वर्ष से अधिक आयु के लाभार्थी इस योजना के लिए पात्र है।
  • एंटीरेट्रोवाइरल थेरेपी (एआरटी): ६ महीने से अधिक समय तक एआरटी उपचार से गुजरने वाले व्यक्ति इस इस योजना के लिए पात्र है।
  • विकलांग (PWD> या = ८०%): विकलांगता ८०  प्रतिशत से अधिक होनी चाहिए।
  • अज्ञात एटिओलॉजी किडनी की पुरानी बीमारी (सिकेडीयु): सिकेडीयु उपचार के दौर से गुजरने वाला मरीज इस योजना के लिए पात्र है।

एनटीआर भरोसा पेंशन (एनबीपी) का आवेदन करने के लिए आवश्यक दस्तावेज:

  • आवेदक की पासपोर्ट आकार की तस्वीर
  • आधार कार्ड
  • बैंक का बचत खाते का  पासबुक
  • आयु और पते का प्रमाण पत्र
  • विकलांगता (एसएडीएआरइएम) प्रमाण पत्र: विकलांग व्यक्ति के लिए
  • विधवा के लिए: पति का मृत्यु का प्रमाण पत्र होना चाहिए
  • ताड़ी निकालने वालों के लिए: सहकारी समिति से प्रमाण पत्र
  • बुनकरों के लिए: बुनकरों की सहकारी समिति से पंजीकरण प्रमाणपत्र

आंध्र प्रदेश एनटीआर भरोसा पेंशन (एनबीपी) के लिए आवेदन कैसे करें?

  • एनबीपी के आवेदन पत्र ग्राम पंचायत, मंडल परिषद विकास अधिकारी और नगर आयुक्त कार्यालय में उपलब्ध रहेंगे। आवेदन पत्र को प्राप्त करे  और पूरी तरह से भरें।
  • आवेदन पत्र के लिए सभी आवश्यक दस्तावेज संलग्न करें, इस पर हस्ताक्षर करें और आवेदन पत्र  को उसी कार्यालय में जमा करें।

आवेदन प्रपत्रों को जन्मभूमि समितियों द्वारा सत्यापित किया जाएगा। एक बार आवेदन स्वीकृत होने के बाद पात्र लाभार्थियों को निर्धारित कार्यालयों और समय पर हर महीने पेंशन दी जाएगी। ऐसे सभी कार्यालय सही लाभार्थियों की पहचान करने के लिए बायो-मेट्रिक कार्ड रीडर से सुसज्ज है। बुढ़ापे या बीमारी के कारण बिस्तर पर पड़े हुए लाभार्थी के लिए हर महीने की पेंशन लाभार्थी के घर पर प्रदान की जाएंगी

आंध्र प्रदेश एनटीआर भारोसा पेंशन आवेदन स्थिति की ऑनलाइन जांच करें:

एनटीआर भरोसा पेंशन (एनबीपी) आवेदन की स्थिति उनकी आधिकारिक वेबसाइट ntrbharosa.ap.gov.in पर ऑनलाइन चेक की जा सकती है।

  • एनटीआर भरोसा पेंशन (एनबीपी) आवेदन की स्थिति की जांच पृष्ठ पर जाने के लिए यहाँ क्लिक करे।
  • पेंशन आईडी चेक बॉक्स पर क्लिक करें
  • अपनी पेंशन आईडी, राशन कार्ड नंबर,एसएडीएआरइएम आयडी दर्ज करें और अपना जिला, मंडल, पंचायत आदि चुनें और गो बटन पर क्लिक करें

एपी एनटीआर भारोसा पेंशन आवेदन स्थिति ऑनलाइन (स्रोत: ntrbharosa.ap.gov.in)

संबंधित योजनाएं:

 

मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना दिल्ली: ऑनलाइन पंजीकरण, आवेदन पत्र और आवेदन कैसे करें

दिल्ली के मुख्यमंत्री श्री अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली के वरिष्ठ नागरिकों के लिए मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना (एमटीवाईवाई) शुरू की है। पंजीकरण और आवेदन पत्र edistrict.delhigovt.nic.in   पोर्टल पर ऑनलाइन उपलब्ध है। दिल्ली सरकार राज्य के ७७,०००  वरिष्ठ नागरिकों को नि:शुल्क तीर्थयात्रा प्रदान करेगी। राज्य के ७७  विधानसभा क्षेत्रों में से प्रत्येक क्षेत्र में से १,००० वरिष्ठ नागरिकों को इस योजना के तहत चुना जाएगा। सरकार यात्रा, आवास, भोजन, तीर्थयात्रा स्थल देखना आदि का सभी खर्चों प्रदान करेंगी।

                                                                               Mukhyamantri Tirth Yatra Yojana Delhi (In English)

दिल्ली मुख्यमंत्री मुक्त तीर्थ यात्रा योजना २०१-१९ का पंजीकरण ५ दिसंबर २०१८  से शुरू हुआ है। पंजीकरण और आवेदन पत्र  edistrict.delhigovt.nic.in पोर्टल पर ऑनलाइन किया जा सकता है। यदि किसी भी मदत की आवश्यकता है, तो आप एसडीएम कार्यालय, तीर्थ विकास समिति या अपने स्थानीय विधायकों के कार्यालयों से संपर्क कर सकते है।

मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना क्या है? राज्य सरकार के वरिष्ठ नागरिकों को नि:शुल्क तीर्थयात्रा प्रदान करने के लिए दिल्ली सरकार की एक योजना है।

मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना: मार्ग, अवधि, गंतव्य कवर और यात्रा पैकेज-

  • दिल्ली-मथुरा-वृंदावन-आगरा-फतेहपुर सीकरी-दिल्ली: ४ दिन की यात्रा रहेंगी।
  • दिल्ली-अजमेर-पुष्कर-दिल्ली: ४ दिन की यात्रा रहेंगी।
  • दिल्ली-अमृतसर-वाघा बॉर्डर-आनंदपुर साहिब-दिल्ली: ५ दिन की यात्रा रहेंगी।
  • दिल्ली-हरिद्वार-ऋषिकेश-नीलकंठ-दिल्ली: ४ दिन की यात्रा रहेंगी।
  • दिल्ली-वैष्णो देवी-जम्मू-दिल्ली: ५ दिन की यात्रा रहेंगी।
  • लाभार्थी को यात्रा ट्रेन द्वारा प्रदान की जाएंगी।
  • दिल्ली सरकार ने यात्रा के लिए आईआरसीटीसी के साथ साझेदारी की है।
  • ट्रेन का सफर सफदरजंग रेल्वे स्टेशन से शुरू होंगा।
  • तीर्थयात्रियों के लिए १५  कोच के साथ सामान्य श्रेणी टिकट प्रदान किया जाएंगा।
  • एक चिकित्सक और पैरामेडिकल कर्मचारी भी तीर्थयात्रियों के साथ रहेंगे।

वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना के लिए पात्रता:

  • इस योजना का लाभ केवल वरिष्ठ नागरिकों के लिए लागू है जो दिल्ली राज्य के स्थायी निवासी है।
  • आवेदक की आयु ६०  वर्ष से अधिक होनी चाहिए।
  • आवेदक के पति भी उनके साथ यात्रा कर सकते है।
  • यदि आवेदक ७० वर्ष से अधिक आयु का है तो आवेदक परिचर के साथ जा सकते है।
  • परिचर की आयु २० साल से अधिक होनी चाहिए।

नि:शुल्क तीर्थ यात्रा योजना के आवेदन लिए दस्तावेजों की सूची:

  • आवेदक के लिए: स्वयं घोषणा, विधायक प्रमाणपत्र, मतदाता पहचान पत्र और चिकित्सा प्रमाण पत्र होना चाहिए।
  • पति / पत्नी और परिचर: मतदाता पहचान पत्र होना चाहिए।

मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना का ऑनलाइन आवेदन और पंजीकरण कैसे करे:

  • दिल्ली सरकार की आधिकारिक वेबसाइट edistrict.delhigovt.nic.in पर जाने के लिए यहां क्लिक करें और स्वयं को पंजीकृत करें।
  • दस्तावेज़ के प्रकार (मतदाता पहचान पत्र / आधार कार्ड) चुनें, दस्तावेज़ नंबर, कैप्चा प्रदान करें और लॉगिन पर क्लिक करें।

edistrict.delhigovt.nic.in नागरिक पंजीकरण (मुख्यमंत्र तीर्थ यात्रा योजना पंजीकरण)

  •  नीचे दिखाए गए अनुसार एक पूर्ण नागरिक पंजीकरण आवेदन पत्र खुल जाएगा, सभी विवरण पूरी तरह से भरें, कैप्चा दर्ज करें और पंजीकरण पूरा करने के लिए जारी रखें रजिस्टर बटन पर  क्लिक करें।

ईडिस्ट्रिट दिल्ली नागरिक सेवा पंजीकरण आवेदन पत्र दिल्ली नागरिक सेवा पंजीकरण (वरिष्ठ नागरिक मुक्त तीर्थ यात्रा योजना पंजीकरण)

  • लॉगिन पर जाने के लिए यहां क्लिक करें, अपना लॉगिन विवरण और लॉगिन प्रदान करें।

ईडिस्ट्रिट दिल्ली नागरिक सेवा लॉगिन आवेदन पत्र

  •  मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना का चयन करें, आवेदन पत्र को भरें और पंजीकरण पूरा करने के लिए आगे के निर्देशनों का पालन करें।

संबंधित योजनाएं:

 

पढना लिखना अभियान: अशिक्षित परिवार के बड़े सदस्यों को पढ़ाने के लिए बच्चे

मानव संसाधन विकास मंत्रालय (एमएचआरडी) एक पढना लिखना अभियान शुरू करने वाला है।इस अभियान जिसके तहत बच्चे अशिक्षित परिवार के बुजुर्ग सदस्यों को पढ़ाएंगे। मानव संसाधन विकास मंत्री श्री प्रकाश जावडेकर ने इस योजना की घोषणा की है। ६ वी से १० वीं कक्षा के बीच के स्कूल के बच्चों को परिवार में अपने माता-पिता,दादा-दादी और रिश्तेदारों को पढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा।अभियान का उद्देश्य देश में साक्षरता दर में वृद्धि करना और अशिक्षित नागरिक को सशक्त बनाना है।

अभिनव  पढना लिखना अभियान देश में निरक्षरता विकिरण में मदत करेगा। स्कूल के बच्चे अपने स्कूल के बाद शिक्षण का सौंपा गया काम (असाइनमेंट) कर सकते है। भारत देश भर में अगले २ महीने में पढना लिखना अभियान शुरू किया जाएगा।

                                                                                                              Padhna Likhna Abhiyan (in English)

पढना लिखना अभियान क्या है:

एक साक्षरता अभियान जिसके तहत अशिक्षित परिवार के सदस्यों को पढ़ाने के लिए स्कूल के बच्चों को प्रोत्साहित किया जाएगा।

मानव संसाधन विकास मंत्री ने एक बच्चे के रूप में कहा कि वह पढ़ने और लिखना सिखाकर परिवार और पड़ोसी बुजुर्ग सदस्यों को पढ़ाने का प्रयोग करता था।यह अभियान परिवार के छात्रों और बुजुर्गों दोनों की मदत करेगा।

पढना लिखना अभियान का उद्देश्य:

  • इस योजना के तहत भारत देश में साक्षरता के दर बढ़ाया जाएंगा।
  • इस योजना के माध्यम से देश में हर कोई पढ़ और लिख सकेंगा।
  • जो लोग अपनी जिन्दगी में शिक्षा प्राप्त नहीं कर सके उन लोगों को शिक्षा प्राप्त करने का अवसर प्रदान किया जाएंगा।

पढना लिखना अभियान का लाभ:

  • स्कूल के बच्चों को उनके परिवार के सदस्यों को पढ़ाते समय शिक्षक/गुरूजी होने का मौका मिलेंगा।
  • अशिक्षित बुजुर्गों को मुफ्त में शिक्षण प्रदान किया जाएंगा।
  • स्कूल के बच्चों को शिक्षण के लिए आवश्यक अध्ययन सामग्री प्रदान की जाएगी।

पढना लिखना अभियान में कौन भाग ले सकता है?

  • स्कूल के बच्चे जो ६ वीं से १० वीं कक्षा में पढ़ रहे है वह इस अभियान में भाग ले सकते है।
  • उनके माता-पिता,दादा दादी,रिश्तेदारों इत्यादि इस अभियान में भाग ले सकते है।

अभियान का सबसे महत्वपूर्ण उद्देश्य समाज में अशिक्षित महिलाओं को शिक्षित करना है। यह महत्वपूर्ण है कि माता-पिता शिक्षित हों ताकि वे अपने बच्चों को प्रेरित कर सकें और बच्चे को सही मार्गदर्शन प्रदान कर सकें।

संबंधित योजनाएं:

  • मानव संसाधन विकास (एमएचआरडी) मंत्रालय द्वारा योजनाएं की सूची।
  • प्रकाश जावडेकर द्वारा योजनाएं की सूची।